स्कूल की बालिकाओं ने सीखा कराते, आत्मरक्षा के गुर
साईं एकेडमी में एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला सम्पन्न
बड़वानी – विद्यार्थियों के आत्मविश्वास, सुरक्षा जागरूकता एवं शारीरिक दक्षता को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से एक दिवसीय कराते एवं आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का संचालन सेल्फ डिफेंस मार्शल आर्ट्स एकेडमी इंडिया, सेंधवा के संस्थापक एवं मुख्य प्रशिक्षक सेंसई सुमित चौधरी (ब्लैक बेल्ट 4 डेन) द्वारा किया गया। कार्यशाला में विद्यालय के 300 से अधिक बालक एवं बालिकाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
सेंसई सुमित चौधरी पिछले 14 वर्षों से कराते एवं आत्मरक्षा प्रशिक्षण के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उनके संचालन में अब तक हजारों विद्यार्थी प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके हैं और अनेक खिलाड़ी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर चुके हैं। उनकी एकेडमी द्वारा नारी सशक्तिकरण और महिला सुरक्षा के लिए निरंतर शिक्षण संस्थानों एवं सामाजिक मंचों पर जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जा रहे है। प्रशिक्षण के दौरान सेंसई सुमित चौधरी ने कहा कि हर बेटी की यही पुकार कृ आत्मरक्षा है हमारा अधिकार। आत्मरक्षा केवल तकनीक नहीं, यह आत्मविश्वास और संकट की परिस्थिति में उचित निर्णय लेने की क्षमता प्रदान करती है।
प्राचार्य का उद्बोधन
विद्यालय प्राचार्य डॉ. वंदना वर्मा ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल अकादमिक ज्ञान तक सीमित नहीं है। विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, अनुशासन, चरित्र एवं जीवन कौशल विकसित होना भी उतना ही आवश्यक है। आत्मरक्षा प्रशिक्षण से छात्राएँ स्वयं की सुरक्षा के प्रति सक्षम, जागरूक और सशक्त बनती हैं। विद्यालय में ऐसे कार्यक्रम आगे भी निरंतर आयोजित किए जाएंगे। डॉ. वर्मा ने सेंसई सुमित चौधरी एवं उनकी सहयोगी खिलाड़ी कृतिका रावल को सार्थक एवं प्रभावी प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।
सत्र की विशेषताएँ
विद्यार्थियों को संतुलन, एकाग्रता, स्थिति-विश्लेषण जैसी मानसिक दक्षताओं पर प्रशिक्षण दिया गया। व्यावहारिक आत्मरक्षा तकनीकों का अभ्यास कराया गया। अंत में विद्यार्थियों ने सीखी तकनीकों का प्रदर्शन भी किया। यह कार्यशाला विद्यार्थियों के आत्मनिर्भरता, आत्मसंरक्षण एवं नारी सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम सिद्ध हुई।

